Rashtrapita Mahatma Gandhi (The Journey Of Mahatma Gandhi) Hindi Biography-Mahesh Sharma
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Rashtrapita Mahatma Gandhi (The Journey Of Mahatma Gandhi) Hindi Biography-Mahesh Sharma
About the Products:
राष्ट्रपिता महात्मा गांधी देश की आजादी तथा दु:खी मानवता के उद्धार के लिए गांधीजी जीवन भर संघर्षरत रहे। उनकी यात्रा पोरबंदर से आरंभ होकर राजकोट, इंग्लैंड, डरबन, जोहांसबर्ग, अहमदाबाद और कलकत्ता आदि से गुजरती हुई दिल्ली में समाप्त हुई। वे अंत समय तक देश-निर्माण, सांप्रदायिक सौहार्द, एकता-अखंडता के लिए कार्य करते रहे। अहिंसा गांधीजी का अचूक अस्त्र था, जो एटम बम से भी ज्यादा ताकतवर था। अंग्रेज सरकार उनके सत्याग्रह और अहिंसा से बहुत खौफ खाती थी। उन्होंने खादी को घर-घर पहुँचाया और स्वदेशी को प्रोत्साहन दिया। स्वयं अछूतें के साथ रहकर उनके दु:ख-दर्द को महसूस किया और उन्हें बराबरी का दर्जा दिलाने के लिए संघर्ष किया। उन्हें अनेक बार जेल-यात्रा करनी पड़ी। सत्याग्रह की ताकत ने गांधीजी को महात्मा बनाया और इसके बल पर उन्होंने आजादी के समर में प्रत्येक देशवासी को एक सिपाही के रूप में बदल दिया। सत्यवादिता ने उनमें आत्मिक शक्ति भर दी थी कि उनके एक आह्वान पर लाखों लोग सिर कटाने को तैयार हो जाते थे। गांधीजी के बारे में जितना लिखा-पढ़ा जाए, कम है। कृतज्ञ राष्ट्र ने अपने प्यारे बापू को ‘राष्ट्रपिता’ के सम्मान से विभूषित किया। एक युगपुरुष और महान् व्यक्ति के अंतहीन कार्यों की ब्योरेवार जानकारी देती एक प्रेरणादायी पुस्तक।
Language: Hindi
Page No: 224
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