Pulwama Attack (Hindi) : A Chronicle Of Sacrifice, Bravery & Retaliation | Novel | True Accounts | Indian History | War & Military | India-Pakistan Conflict | Literature & Fiction-Vikas Trivedi & Smita Agarwal
FREE shipping on orders above $55.00 USD
Shipping
| Cart Value (USD) |
Greater than $55 |
$35-$54.99 | $25-$34.99 | $15-$24.99 | Less than $14.99 |
|---|---|---|---|---|---|
| Shipping Rates(USD) |
FREE | $5.97 | $9.97 | $11.97 | $16.97 |
Enjoy hassle-free 14-day returns. Learn more in our Return Policy.
Pulwama Attack (Hindi) : A Chronicle Of Sacrifice, Bravery & Retaliation | Novel | True Accounts | Indian History | War & Military | India-Pakistan Conflict | Literature & Fiction-Vikas Trivedi & Smita Agarwal
About the Products:
बीते सात वर्षों में हमारे देश में जो बड़ी घटनाएँ घटीं, उन्होंने न सिर्फ देश के लोगों का, बल्कि दुनिया का ध्यान भारत की ओर खींचा है। राष्ट्रीय सुरक्षा और राजनीति से जुड़ी घटनाओं और तमाम हलचलों के दौर में शायद ही कोई ऐसा दिन गुजरा हो, जिसकी बात जनसामान्य ने अपनी दैनिक वार्त्ताओं में न की हो। इन घटनाओं में दुश्मन देश की क्रूरता भी दिखी तो देश के जाँबाज वीरों की वीरता भी; शूरवीरों के बलिदान ने देश को झकझोरा भी और बदले में हुई काररवाई ने गर्व करने के क्षण भी दिए। पुलवामा में हमारी सेना के 40 जवानों पर हुए हमले ने देश को झकझोरकर रख दिया था। विंग कमांडर अभिनंदन की वापसी के लिए हर देशवासी प्रार्थना कर रहा था। देश की सीमाओं पर आए दिन पाकिस्तान की ओर से कोई कायराना हरकत की जाती थी और भारत की ओर से उसका कड़ा जवाब भी बराबर दिया जाता रहा है। पुलवामा और उसके इर्द-गिर्द हुई घटनाओं के बाद भारत ने जवाबी काररवाई में बालाकोट में आतंकियों के बेस को नेस्तनाबूत कर दिया और उसके बाद जम्मू-कश्मीर को संवैधानिक राज्य का दर्जा देते हुए धारा 370 को हटाया। ये सभी वे बड़ी घटनाएँ थीं जिनकी उम्मीद देशवासियों को भारत सरकार से थी। ऐसी ही तमाम घटनाओं का संकलन है ‘पुलवामा अटैक’, जिसे विकास त्रिवेदी और स्मिता अग्रवाल ने वास्तविक घटनाओं को काल्पनिक आधार पर प्रस्तुत किया है।
Language: Hindi
Page No: 168
Legal Disclaimer: Product images are for illustrative purposes only. Images/packaging/ labels may vary from time to time due to changes made by the manufacturer's manufacturing batch and location.